भोले गिरजा से प्यार कर बैठे भजन लिरिक्स

िवजी भजन भोले गिरजा से प्यार कर बैठे भजन लिरिक्स
स्वर – लाजवंती जी पाठक

वो ख़ुशी में कमाल कर बैठे,
वो ख़ुशी में कमाल कर बैठे,
भोले गिरजा से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे।।

मैंने गागर भराई भोले के लिए,
मैंने गागर भराई भोले के लिए,
वो तो गंगा से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे।।

मैंने कलशे भोले के लिए,
मैंने कलशे भोले के लिए,
वो कमंडल से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे।।

मैंने मंदिर बनाए भोले के लिए,
मैंने मंदिर बनाए भोले के लिए,
वो तो पर्वत से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे।।

मैंने भोजन बनाए भोले के लिए,
मैंने भोजन बनाए भोले के लिए,
वो भंगिया से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे।।

वो ख़ुशी में कमाल कर बैठे,
वो ख़ुशी में कमाल कर बैठे,
भोले गिरजा से प्यार कर बैठे,
भोलें गिरजा से प्यार कर बैठे।।

This Post Has 2 Comments

Leave a Reply