मैं तो गोरी रे गटक थे काळा भजन लिरिक्स

।। दोहा ।।
वृन्दावन सोवन नहीं , नन्द गाँव सो गाँव ।
राधा सी राणी नहीं , कृष्ण नाम सो नाम ।

अजी कोई गोकुळ का गेला में ,
कोई गोकुळ का गेला में ।
माखण की मटकी फोड़ी ओ ,
ओ नंद जी के लाला । २
मैं तो गौरी रे गटक थे काळा जी ,
ओ नंद जी के लाला ।

थे हो नंद बाबा का लाला ,
थे हो मोहन मुरली वाळा ।
थांको रूप घणो छे काळो जी ,
ओ नंद जी के लाला ।

सखियां सरवर ऊपर नहावे ,
कानो छान – छाने आवे ।
वांकी उठाले गयो माळा जी ,
ओ नंद जी के लाला ॥

मुरली मीठी घणी बजावो ,
थे तो राधा ने समझावो ।
पाछे मुड़ – मुड़ देरया झाला जी ,
ओ नंद जी के लाला ॥

मधुबन में रास रचावे ,
कानो दौड्यो – दौड्यो आवे ।
थे तो मीठी मुरली बजावो जी ,
ओ नंद जी के लाला ॥

मात यशोदा रा जाया ,
नंद बाबा लाड लडाया ।
थारो रूप घणो रूपाळो जी ,
ओ नंद जी के लाला ।

राधा किधन की है जोड़ी ,
महिमा गाऊँ जितरी थोड़ी ।
भगवान सहाय गुण गाया जी ,
ओ नंद जी के लाला ।।

मैं तो गोरी रे गटक थे काळा, me to gori re ghatak, radha krishna ke bhajan, prakash mali bhajan rajasthani, krishna bhajan with lyrics

Leave a Reply