Gora Ghot Rahi Bhangiya Bhajan Lyrics

गोरा घोट रही भंगिया भजन लिरिक्स

पट खोल मेरे बाबा ओ डमरू वाले ओ डमरू वाले

भगत जनों की भीड़ लगी है दर्श की दर पे आस लगी है
आई घड़ी अनमोल अनमोल मेरे बाबा ओ डमरू वाले

तू शिव शंकर महा वरदानी दूजा नही कोई तेरा सानी,
गोरा घोट रही भंगिया धीरे धीरे,
देखो धीरे धीरे,
गोरा घोट रही भंगिया……

भोले जी को भंगिया प्यारी भंगिया प्यारी भंगिया प्यारी
भंगिया ले आये भोले धीरे धीरे,
गोरा घोट रही भंगिया….

भंगिया घोट के गोरा हारी छाले पड़ गए हाथो में,
देखो धीरे धीरे ,
गोरा घोट रही भंगिया….

गोरा के हाथ में देख के छाले,
ले आये मिक्स्सी देखो धीरे धीरे
गोरा घोट रही भंगिया….आसान से तू डोल अब डोल मेरे बाबा
ओ डमरू वाले

भूल भगत की मन में भरियो कर के दया सब संकट हरियो
भगतो को मत टाल मेरे बाबा
ओ डमरू वाले

Gora Ghot Rahi Bhangiya Bhajan Lyrics, Youtube Video

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