नागाणा नगरी जावा दे माताजी रा दर्शन करवा दे

नागाणा नगरी जावा दे,
माताजी रा दर्न करवा दे,
आसोज महिनो आवा दे,
माताजी रो मेो भरवा दे,
तारा री चुनडी लावा दे,
माताजी रे चीर ओडावा दे,
माताजी रो जागन देवा दे,
भजना रो लावो लेवा दे,
जाणो रे आज जाणो रे आज,
नागाणा नगरी माय,
जाणो रे आज,
नागाणा नगरी माय

कलयुग री ओ माता,
थारा चार वेद जश गाता,
कलयुग री ओ माता,
थारा चार वेद जश गाता,
किजो रे माँ किजो रे माँ,
बेडो भवसु पार।।

नर नारी सब आवे,
चरना मे शिश झुकावे,
नर नारी सब आवे,
चरना मे शिश झुकावे,
काटो रे माँ काटो रे माँ,
दुखडा थे म्हारा आय।।

दूर दूर सु आवे,
थारी जय जयकार सुनावे,
दूर दूर सु आवे,
थारी जय जयकार सुनावे,
भरजो रे माँ भरजो रे माँ,
भगता री झोली आज।।

श्याम’ माता गावे,
चरना मे शिश झुकावे,
श्याम माता गावे,
चरना मे शिश झुकावे,
किजो रे माँ किजो रे माँ,
दुखडा थे म्हारा दूर।।

नागाणा नगरी जावा दे,
माताजी रा दर्शन करवा दे,
आसोज महिनो आवा दे,
माताजी रो मेलो भरवा दे,
तारा री चुनडी लावा दे,
माताजी रे चीर ओडावा दे,
माताजी रो जागन देवा दे,
भजना रो लावो लेवा दे,
जाणो रे आज जाणो रे आज,
नागाणा नगरी माय,
जाणो रे आज,
नागाणा नगरी माय।।

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