ये जिंदगी मिली है दिन चार के लिए भजन लिरिक्स| ये-जिंदगी-मिली-है-दिन-चार-क
ये जिंदगी मिली है दिन चार के लिए भजन लिरिक्स ये जिंदगी मिली है,दिन चार के लिए,कुछ पल तो निकालो,बाबा के दरबार के लिए,कुछ पल तो निकालो,बाबा के दरबार के लिए।। कई पूण्य किये होंगे जो,ये मानव तन है पाया,पर भूल गए भगवन को,माया में मन भरमाया,अब तक तो जीते आएं,अब तक तो जीते आएं,है …