हवन-यज्ञ प्रार्थना: पूजनीय प्रभो हमारे (Hawan Prarthana: Pujniya Prabhu Hamare)

हवन-यज्ञ प्रार्थना: पूजनीय प्रभो हमारे (Hawan Prarthana: Pujniya Prabhu Hamare) पूजनीय प्रभो हमारे, भाव उज्जवल कीजिये । छोड़ देवें छल कपट को, मानसिक बल दीजिये ॥ १॥ वेद की बोलें ऋचाएं, सत्य को धारण करें । हर्ष में हो मग्न सारे, शोक-सागर से तरें ॥ २॥ अश्व्मेधादिक रचायें, यज्ञ पर-उपकार को । धर्मं- मर्यादा चलाकर, लाभ …

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श्री शांतादुर्गेची आरती (Shri Shanta Durgechi Aarti)

श्री शांतादुर्गेची आरती (Shri Shanta Durgechi Aarti) Shri Shanta Durgechi Aarti जय देवी जय देवी जय शांते जननी । दुर्गे बहुदु:खदमने रतलो तव भजनी ॥ भूकैलासा ऐसी ही कवला नगरी । शांतादुर्गा तेथे भक्तभवहारी । असुराते मर्दुनिया सुरवरकैवारी । स्मरती विधीहरीशंकर सुरगण अंतरी । जय देवी जय देवी जय शांते जननी । दुर्गे बहुदु:खदमने रतलो …

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श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं – आरती (Aarti: Shri Banke Bihari Teri Aarti Gaun)

श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं – आरती (Aarti: Shri Banke Bihari Teri Aarti Gaun) श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं, हे गिरिधर तेरी आरती गाऊं । आरती गाऊं प्यारे आपको रिझाऊं, श्याम सुन्दर तेरी आरती गाऊं । ॥ श्री बांके बिहारी तेरी आरती गाऊं..॥ मोर मुकुट प्यारे शीश पे सोहे, प्यारी बंसी मेरो मन मोहे …

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माँ सरस्वती वंदना – या कुन्देन्दुतुषारहारधवला (Maa Saraswati Vandana)

माँ सरस्वती वंदना – या कुन्देन्दुतुषारहारधवला (Maa Saraswati Vandana) या कुन्देन्दुतुषारहारधवला या शुभ्रवस्त्रावृता, या वीणावरदण्डमण्डितकरा या श्वेतपद्मासना । या ब्रह्माच्युत शंकरप्रभृतिभिर्देवैः सदा वन्दिता, सा मां पातु सरस्वती भगवती निःशेषजाड्यापहा ॥१॥ शुक्लां ब्रह्मविचार सार परमामाद्यां जगद्व्यापिनीं, वीणा-पुस्तक-धारिणीमभयदां जाड्यान्धकारापहाम्‌ । हस्ते स्फटिकमालिकां विदधतीं पद्मासने संस्थिताम्‌, वन्दे तां परमेश्वरीं भगवतीं बुद्धिप्रदां शारदाम्‌ ॥२॥ हिन्दी भावार्थ: जो विद्या की …

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अन्नपूर्णा आरती (Annapurna Aarti)

अन्नपूर्णा आरती (Annapurna Aarti)   बारम्बार प्रणाम, मैया बारम्बार प्रणाम । जो नहीं ध्यावे तुम्हें अम्बिके, कहां उसे विश्राम । अन्नपूर्णा देवी नाम तिहारो, लेत होत सब काम ॥ बारम्बार प्रणाम, मैया बारम्बार प्रणाम । प्रलय युगान्तर और जन्मान्तर, कालान्तर तक नाम । सुर सुरों की रचना करती, कहाँ कृष्ण कहाँ राम ॥ बारम्बार प्रणाम, …

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आरती: श्री राणी सती दादी जी (Shri Rani Sati Dadi Ji)

आरती: श्री राणी सती दादी जी (Shri Rani Sati Dadi Ji) ॐ जय श्री राणी सती माता, मैया जय राणी सती माता । अपने भक्त जनन की, दूर करन विपत्ती ॥ ॐ जय श्री राणी सती माता, मैया जय राणी सती माता ॥ अवनि अननंतर ज्योति अखंडीत, मंडितचहुँक कुंभा । दुर्जन दलन खडग की, विद्युतसम …

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श्री चिंतपूर्णी देवी की आरती (Mata Shri Chintpurni Devi)

श्री चिंतपूर्णी देवी की आरती (Mata Shri Chintpurni Devi)   Read in English चिंतपूर्णी चिंता दूर करनी, जग को तारो भोली माँ जन को तारो भोली माँ, काली दा पुत्र पवन दा घोड़ा ॥ ॥ भोली माँ ॥ सिन्हा पर भाई असवार, भोली माँ, चिंतपूर्णी चिंता दूर ॥ ॥ भोली माँ ॥ एक हाथ खड़ग …

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आरती युगलकिशोर की कीजै (Aarti Shri Yugal Kishoreki Keejai)

आरती युगलकिशोर की कीजै (Aarti Shri Yugal Kishoreki Keejai)   आरती युगलकिशोर की कीजै । तन मन धन न्योछावर कीजै ॥ गौरश्याम मुख निरखन लीजै । हरि का रूप नयन भरि पीजै ॥ रवि शशि कोटि बदन की शोभा । ताहि निरखि मेरो मन लोभा ॥ ओढ़े नील पीत पट सारी । कुंजबिहारी गिरिवरधारी ॥ …

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