फकीरी अलबेला रो खेल भजन लिरिक्स

मस्त फकीर फिरे इण जुग में ,
ज्यूं मदछकिया छैल ,
फकीरी , अलबेलां रो खेल ॥

तन की घाणी लाट लगन री ,
मन रा जोतर बैल ।
तमो गुणी तिल पेली रे ओरो ,
परो कडावो तेल ॥
अलबेलां रो खेल फकीरी ॥

कर्म काठ री चिता जलावो ,
ज्ञान अगन बिच मेल ।
पाँचों ने मार पच्चीस वश कर ,
एक – एक ने तू ठेल ॥
अलबेलां रो खेल फकीरी ॥

बंधी पड़िया बन्दी जन रोवे ,
कुण छुड़ावे गेल ।
फकड़ अकड़ कर आगे बढ़िया ,
तोड़ी जुगत री जेल ॥
अलबेलां रो खेल फकीरी

मद पीवे मस्ताना जोगी ,
माल अडाणे मेल ।
भवानीनाथ ‘ पीवे सो जाणे ,
इण गुटकी रो खेल ॥
अलबेलां रो खेल फकीरी ॥

सांवरमल सैनी भजन video

फकीरी अलबेला रो खेल भजन fakiri albela ro khel lyrics, fakiri bhajan lyrics,फकीरी भजन, sanwarmal saini ke bhajan, सांवरमल सैनी भजन
भजन :- अलबेलां रो खेल फकीरी
गायक :- श्याम वैष्णव

Leave a Reply