बजरंगी मेरी सुन लो ये विनती
बजरंगी मेरी सुन लो ये विनती,एक बार बाबा घर मेरे आओ।। ओ सुना है मेरा घर मेरा आंगन,आकर उसे तुम पावन बनाओ,बजरंगी मेरी सुन लो ये विनती,एक बार बाबा घर मेरे आओ।। ना फूटी है कौड़ी ना घर में है दाना,मेरे बजरंगी तूने क्यों यह नहीं जाना,भक्तों की बाबा पल में सुने हो,आकर की मेरी …