ओ कुटिया वाले बालाजी तेरा हो गया
आया जब से दर पे जाने क्या हो गया,ओ कुटिया वाले बालाजी तेरा हो गया।। कुटिया वाले बाला जी की अज़ब शान है,जो भी देखे वही इन पे कुर्बान है,इनकी भक्ति का मुझपे नशा छा गया,ओ कुटिया वाले बालाजी तेरा हो गया।। जब से कुटियां वाले बालातेरी भक्ति मिली सुने मन कीबाला जी मेरी कलियाँ …